राजकरण

विवेक रस्तोगी के सिर सजा भाजपा महानगर अध्यक्ष का ताज

मेरठ (एनएफटी संवाददाता)। लंबी प्रतीक्षा के बाद रविवार को भाजपा के क्षेत्रीय कार्यालय पर जिला चुनाव अधिकारी सलिल विश्नोई, सह चुनाव अधिकारी गजेंद्र शर्मा और राखी त्यागी ने नए महानगर अध्यक्ष के रूप में विवेक रस्तोगी के नाम की घोषणा की। इसके साथ ही महानगर अध्यक्ष का पद फिर से वैश्य समाज के खाते में गया। घोषणा होते ही कार्यकर्ताओं ने विवेक को बधाई देनी शुरू कर दी। विवेक वर्ष 2013 से लगातार महानगर उपाध्यक्ष का दायित्व संभाल रहे हैं।

मेरठ (एनएफटी संवाददाता)। लंबी प्रतीक्षा के बाद रविवार को भाजपा के क्षेत्रीय कार्यालय पर जिला चुनाव अधिकारी सलिल विश्नोई, सह चुनाव अधिकारी गजेंद्र शर्मा और राखी त्यागी ने नए महानगर अध्यक्ष के रूप में विवेक रस्तोगी के नाम की घोषणा की। इसके साथ ही महानगर अध्यक्ष का पद फिर से वैश्य समाज के खाते में गया। घोषणा होते ही कार्यकर्ताओं ने विवेक को बधाई देनी शुरू कर दी। विवेक वर्ष 2013 से लगातार महानगर उपाध्यक्ष का दायित्व संभाल रहे हैं।

52 दावेदारों ने भरे थे महानगर अध्यक्ष के लिए नामांकन

महानगर अध्यक्ष के लिए 52 भाजपा नेताओं ने अपने नामांकन किए थे। इनमें विवेक रस्तोगी सबसे प्रबल दावेदार रहे। शुरुआत से ही महानगर अध्यक्ष का पद वैश्य समाज के खाते में जाने की संभावना बन रही थी। हालांकि ब्राह्मण समाज के कमलदत्त शर्मा भी प्रबल दावेदार रहे। अन्य दावेदारों को पछाड़ते हुए विवेक रस्तोगी महानगर अध्यक्ष बनने में कामयाब रहे। विवेक की पार्टी में पहचान बेहतरीन संगठन क्षमता और प्रबंधन के लिए है। विरोधी भी उनकी इस क्षमता का लोहा मानते हैं।

वर्ष 1987 में पहली बार बने थे सक्रिय कार्यकर्ता

विवेक रस्तोगी वर्ष 1987 में सक्रिय कार्यकर्ता बने। 1988 में भाजयुमो वार्ड अध्यक्ष बनाए गए। 1990 में कंकरखेड़ा मंडल कार्यकारिणी सदस्य, 1994 में भाजयुमो के महानगर उपाध्यक्ष का दायित्व संभाला। 1997 में पहली बार भाजपा में महानगर मंत्री चुने गए। 2000 में कंकरखेड़ा मंडल अध्यक्ष, 2004 में स्थानीय निकाय प्रकोष्ठ के महानगर महामंत्री, 2007 में प्रबुध प्रकोष्ठ के विभाग संयोजक, 2010 में स्थानीय निकाय प्रकोष्ठ के महानगर संयोजक रहे। इसके बाद कई महानगर अध्यक्षों की कार्यकारिणी में उपाध्यक्ष बने। 2013 से लगातार महानगर उपाध्यक्ष बने हुए हैं। 2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी अरुण गोविल के चुनाव एजेंट रहे।

वर्ष 2027 के चुनाव में विजयश्री प्राप्त करेंगे

नए महानगर अध्यक्ष विवेक रस्तोगी ने कहा कि यह भाजपा की विशिष्टता है कि किस कार्यकर्ता को कब क्या दायित्व मिल जाए, किसी को पता नहीं होता। पार्टी में कार्यकर्ताओं के कार्य के आधार पर निर्णय लिए जाते हैं। पार्टी ने कार्यकर्ताओं की भावनाओं और मेरे कार्यों पर यह जिम्मेदारी दी है। हम सब मिलकर इस जिम्मेदारी को निभाएंगे और 2027 के यूपी विधानसभा चुनाव में भी सफलता प्राप्त करेंगे।

आखिरी समय तक कायम रहा सस्पेंस

भाजपा ने अंतिम क्षणों तक महानगर अध्यक्ष के नाम का किसी को पता नहीं चलने दिया। पहली बार जिले में जाकर जिलाध्यक्षों की घोषणा की गई। मेरठ में भी सस्पेंस पूरी तरह से कायम रहा। लखनऊ से मोबाइल पर नाम भेजा गया और जिला चुनाव अधिकारी के नाम घोषित होने पर ही कार्यकर्ताओं को नए महानगर अध्यक्ष की जानकारी हुई। हालांकि अध्यक्ष पद के कई दावेदार इस कार्यक्रम में नहीं पहुंचे। कार्यकर्ताओं के बीच इसकी चर्चा होती रही। इसके बाद पार्टी नेताओं व कार्यकर्ताओं ने विवेक का ढोल-नगाड़ों व फूलमालाओं से जोरदार स्वागत किया। जिम्मेदारी मिलने के बाद विवेक रस्तोगी ने शाम को औघड़नाथ मंदिर में भगवान आशुतोष का जलाभिषेक किया और पूजा-अर्चना की।

विवेक पर दर्ज हुआ टाडा एक्ट में मुकदमा

श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन के दौरान विवेक रस्तोगी 22 दिन जेल में रहे। कई अन्य जेल भरो आंदोलनों में भागीदारी निभाई। वर्ष 1990 में अयोध्या में पुलिस की गोली से मारे गए कारसेवकों के अस्थि कलश को जगह-जगह ले जाया गया था। मेरठ में अस्थि कलश यात्रा निकालते समय पुलिस से विवेक का विवाद हो गया। विवेक रस्तोगी ने बताया कि निर्धारित रूट पर अस्थि कलश यात्रा को रोकने के लिए पुलिस ने दबाव डाला। इस पर पुलिस के लाठीचार्ज के कारण कारसेवकों को चोटें आईं। उसी रात को पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार करके परतापुर थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 153(ए), (बी)/505 एवं धारा 3/4 टाडा एक्ट में तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव को बम से उड़ाकर हत्या करने के धमकी के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया और जेल भेज दिया। उस समय मेरी उम्र 19 वर्ष थी। भाजपा की सरकार आने पर उन पर लगे आरोपों की जांच सीबीसीआईडी को सौंपी गई। जांच में कोई सुबूत नहीं मिलने पर कोर्ट ने उन्हें बरी कर दिया।

इस अवसर पर सांसद अरुण गोविल, कैंट विधायक अमित अग्रवाल, एमएलसी धर्मेंद्र भारद्वाज, महापौर हरिकांत अहलूवालिया, सुरेश जैन, विजेंद्र अग्रवाल, मुकेश सिं, करुणेश नंदन गर्ग, अरुण वशिष्ठ, मीडिया प्रभारी अमित शर्मा, वीनस शर्मा, राकेश माहेश्वरी, विनीत अग्रवाल शारदा, कमलदत्त शर्मा, विवेक वाजपेयी, रवीश अग्रवाल, कैलाश चंदौला, डॉ. चरण सिंह लिसाड़ी, राकेश गौड़, अमन सिंघल, नरेन्द्र राष्ट्रवादी आदि ने बधाई दी